
उत्तराखंड की उपजाऊ मिट्टी और किसानों के भविष्य को जलवायु परिवर्तन के खतरों से बचाने के लिए धामी सरकार ने एक बड़ी मुहिम छेड़ दी है। हवालबाग में आयोजित भव्य ‘राज्य स्तरीय खेत बचाओ अभियान’ के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने न केवल किसानों का उत्साह बढ़ाया, बल्कि खेती को जंगली जानवरों और अन्य खतरों से सुरक्षित करने के लिए जनपद अल्मोड़ा में 6 करोड़ रुपये की लागत से तारबाड़ (Fencing) कराने की बड़ी घोषणा भी की। मुख्यमंत्री ने किसानों को संबोधित करते हुए भावुक और ओजस्वी शब्दों में कहा कि हमारी संस्कृति में मिट्टी केवल जमीन का हिस्सा नहीं, बल्कि माँ के समान पूजनीय है। उन्होंने जोर देकर कहा
किसानों के लिए बजट और नई योजनाओं की सौगात
किसानों की आय दोगुनी करने और कृषि विकास के लिए विशेष रूप से 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।अब सरकारी योजनाओं का पैसा बिना किसी बिचौलियों के सीधे किसानों के बैंक खातों (DBT) में पहुँच रहा है। सुगंधित खेती और पॉलीहाउस: प्रदेश में 23 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सुगंधित फसलों को बढ़ावा दिया जा रहा है। साथ ही पॉलीहाउस और कोल्ड स्टोरेज जैसी सुविधाओं का जाल बिछाया जा रहा है। मांडुआ, झंगोरा और चौलाई जैसे पारंपरिक ‘मिलेट्स’ को वैश्विक पहचान दिलाने और उनका उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
इकोलॉजी और इकोनॉमी के बीच संतुलन जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में पर्यावरण (Ecology) और आर्थिक विकास (Economy) दोनों साथ-साथ चलेंगे। उन्होंने किसानों से वैज्ञानिक सलाह के आधार पर मिट्टी परीक्षण कराने और जलवायु के अनुकूल फसलों का चुनाव करने का आह्वान किया। उन्होंने गर्व से कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के मामले में आज उत्तराखंड देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है।
30 हजार युवाओं को मिला रोजगार: कृषि मंत्री गणेश जोशी
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद कृषि मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि सरकार खेती का क्षेत्रफल घटने के बावजूद आधुनिक तकनीकों से उत्पादन बढ़ाने में सफल रही है। उन्होंने जानकारी दी कि धामी सरकार ने अब तक विभिन्न विभागों में 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी है। उन्होंने किसानों से कीवी, ड्रैगन फ्रूट और मिलेट्स जैसी नकदी फसलों की ओर बढ़ने की अपील की।
इन दिग्गजों की रही मौजूदगी
हवालबाग में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल (रानीखेत), मोहन सिंह मेहरा (जागेश्वर), महेश जीना (सल्ट), जिला पंचायत अध्यक्षा हेमा गैडा, जिलाधिकारी अंशुल सिंह सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, कृषि वैज्ञानिक और हजारों की संख्या में किसान मौजूद रहे। उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रगतिशील किसानों को मंच पर सम्मानित भी किया गया।



